पंचांग 26 सितंबर 2013
तिथि और स्थान चुनें — सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक तिथि, नक्षत्र, योग, करण, राहु काल और चौघड़िया। गणना आपके फ़ोन पर ही होती है।
स्थान
तिथि (तारीख)
26 सितंबर 2013 · गुरुवार
पुणे — Pune, Maharashtra · समय इस स्थान के समय-क्षेत्र में (Asia/Kolkata)
इस महीने का पंचांग (कैलेंडर) सूर्योदय06:24
सूर्यास्त18:27
चंद्रोदय23:42
चंद्रास्त12:13
- मास:
- भाद्रपद (अमांत) · आश्विन (पूर्णिमांत)
- संवत:
- शक 1935 · विक्रम (चैत्रादि) 2070
- संवत्सर:
- विजय (शक-आधारित, महाराष्ट्र/दक्षिण परंपरा)
- ऋतु · अयन:
- वर्षा · दक्षिणायन
- सूर्य राशि:
- कन्या
- चंद्र राशि:
- वृषभ 12:54 तक, फिर मिथुन
पंचांग के अंग — सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण सप्तमी 20:12 तक, फिर कृष्ण अष्टमी 22:39 (27 सित॰) तक
- नक्षत्र
- मृगशीर्ष 02:21 (27 सित॰) तक, फिर आर्द्रा 05:20 (28 सित॰) तक
- योग
- व्यतीपात 02:36 (27 सित॰) तक, फिर वरीयान 03:31 (28 सित॰) तक
- करण
- विष्टि 07:02 तक, फिर बव 20:12 तक, फिर बालव 09:25 (27 सित॰) तक
मुहूर्त-काल
- अभिजित मुहूर्त12:01 – 12:49
- राहु काल13:56 – 15:26
- यमगंड06:24 – 07:54
- गुलिक काल09:24 – 10:55
राहु काल, यमगंड और गुलिक परंपरा में नए शुभ कार्य के आरंभ के लिए टाले जाने वाले काल हैं — रोज़ के काम के लिए डरने का कारण नहीं।
चौघड़िया
दिन
- शुभ(शुभ)06:24 – 07:54
- रोग(वर्जित (परंपरा))07:54 – 09:24
- उद्वेग(वर्जित (परंपरा))09:24 – 10:55
- चर(सामान्य)10:55 – 12:25
- लाभ(शुभ)12:25 – 13:56
- अमृत(शुभ)13:56 – 15:26
- काल(वर्जित (परंपरा))15:26 – 16:56
- शुभ(शुभ)16:56 – 18:27
रात
- अमृत(शुभ)18:27 – 19:56
- चर(सामान्य)19:56 – 21:26
- रोग(वर्जित (परंपरा))21:26 – 22:56
- काल(वर्जित (परंपरा))22:56 – 00:25 (27 सित॰)
- लाभ(शुभ)00:25 (27 सित॰) – 01:55 (27 सित॰)
- उद्वेग(वर्जित (परंपरा))01:55 (27 सित॰) – 03:25 (27 सित॰)
- शुभ(शुभ)03:25 (27 सित॰) – 04:54 (27 सित॰)
- अमृत(शुभ)04:54 (27 सित॰) – 06:24 (27 सित॰)
पुस्तक: पंचांग स्थान, सूर्योदय, समय-क्षेत्र और अयनांश पर निर्भर है — संस्कार, पर्व या मुहूर्त के लिए प्रकाशित स्थानीय पंचांग से समय सत्यापित करें।
निरयन लाहिड़ी अयनांश; सूर्योदय-सूर्यास्त सूर्य-बिंब के ऊपरी किनारे से, वायुमंडलीय अपवर्तन सहित। प्रकाशित पंचांगों से 1–2 मिनट का अंतर संभव।
पुस्तक में:विस्तार 4 · पंचांग, तिथि, योग और करण · पृष्ठ 123
अपनी कुंडली देखें